Atal Bihari Bajpai

Atal Bihari Bajpai / अटल बिहारी बाजपेयी

Atal Bihari Bajpai Quotes / अटल बिहारी बाजपेयी के अनमोल विचार

जीवन के फूल को पूर्ण ताकत से खिलाएं ।

आज परस्पर वैश्विक निर्भरता का मतलब है कि विकासशील देशों में
आर्थिक आपदायें,विकसित देशों पर एक प्रतिक्षेप पैदा कर सकता है।

किसी भी देश को खुले आम आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक गठबंधन के साथ
साझेदारी, सहायता, उकसाना और आतंकवाद प्रायोजित करने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।

गरीबी बहुआयामी है यह पैसे की आय से परे शिक्षा, स्वास्थ्य की देखरेख,
राजनीतिक भागीदारी और व्यक्ति की अपनी संस्कृति और सामाजिक संगठन की उन्नति तक फैली हुई है।

जैव विविधता सम्मेलन से दुनिया के गरीबों के लिए कोई भी ठोस लाभ नहीं निकला है।

जो लोग हमें यह पूछते हैं कि हम कब पाकिस्तान के साथ वार्ता करेंगे, वे शायद इस तथ्य से वाकिफ नहीं हैं
कि पिछले वर्षों में पाकिस्तान के साथ बातचीत के लिए हर बार पहल भारत ने ही किया है।

You can change friends but not neighbours.

We hope the world will act in the spirit of enlightened self-interest.

The Bio-diversity Convention has not yielded any tangible benefits to the world’s poor. पहले एक दृढ विश्वास था कि संयुक्त राष्ट्र अपने घटक राज्यों की कुल शक्ति की तुलना में अधिक मजबूत होगा।

वास्तविकता यह है कि संयुक्त राष्ट्र जैसी अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं भी
केवल उतनी ही प्रभावी हो सकती है जितनी उसके सदस्यों की अनुमति है।

वैश्विक स्तर पर आज परस्पर निर्भरता का मतलब विकासशील देशों में
आर्थिक आपदाओं का विकसित देशों पर प्रतिघात करना होगा।

शीत युद्ध के बाद अब एक गलत धारणा यह बन गयी है की संयुक्त राष्ट्र कहीं भी कोई भी समस्या का समाधान कर सकता है।

Our nuclear weapons are meant purely as a deterrent against nuclear adventure by an adversary.

There was an implicit conviction that the UN would be stronger than the sum of its constituent member-states.

We believe that the United States and the rest of the international community can play a useful role
by exerting influence on Pakistan to put a permanent and visible end to cross-border terrorism against India. किसी विशेष देश या देशों के समूह के हितों की तुलना में एक बड़े उद्देश्य के लिए काम करता है।

हम मानते हैं कि संयुक्त राज्य अमेरिका और बाकी अंतर्राष्ट्रीय समुदाये पाकिस्तान पर
भारत के खिलाफ सीमा पार आतंकवाद को हमेशा के लिए ख़त्म करने का दबाव बना सकते हैं।

हमारे परमाणु हथियार शुद्ध रूप से किसी भी विरोधी के परमाणु हमले को ख़त्म करने के लिए हैं।

हमें विश्वाश है कि संयुक्त राज्य अमेरिका और बाकी अंतरराष्ट्रीय समुदाय अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर पाकिस्तान के
भारत के विरुद्ध सीमा पार आतंकवाद को स्थायी और पारदर्शी रूप से ख़त्म कराने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा सकते हैं।

The UN’s unique legitimacy flows from a universal perception that
it pursues a larger purpose than the interests of one country or a small group of countries.

The reality is that international institutions like the UN can only be as effective as its members allow it to be.

The overwhelming public sentiment in India was that no meaningful dialogue can be held with
Pakistan until it abandons the use of terrorism as an instrument of its foreign policy. हमें उम्मीद है कि दुनिया प्रबुद्ध (परिष्कृत) स्वार्थ की भावना से कार्य करेगी।

कोई इस बात से इंकार नहीं कर सकता है कि देश मूल्यों के संकट में फंसा है ।

आप मित्र बदल सकते हैं पर पडोसी नहीं ।

हम उम्मीद करते हैं की विश्व प्रबुद्ध स्वार्थ की भावना से काम करेगा।

Poverty is multidimensional. It extends beyond money incomes to education, health care,
political participation and advancement of one’s own culture and social organisation.

No state should be allowed to profess partnership with the global coalition against
terror, while continuing to aid, abet and sponsor terrorism.

People who ask us when we will hold talks with Pakistan are perhaps not aware that over the last years,
every initiative for a dialogue with Pakistan has invariably come from India. जैव – विविधता कन्वेंशन ने विश्व के गरीबों को कोई ठोस लाभ नहीं पहुँचाया है ।

हमारे परमाणु हथियार विशुद्ध रूप से किसी विरोधी के परमाणु हमले को हतोत्साहित करने के लिए हैं ।

पहले एक अन्तर्निहित दृढ विश्वास था कि संयुक्त राष्ट्र अपने घटक राज्यों की
कुल शक्ति की तुलना में अधिक शक्तिशाली होगा।

इस देश में पुरुषार्थी नवजवानों की कमी नहीं है, लेकिन उनमें से कोई कार बनाने का कारखाना नहीं खोल सकता,
क्योंकि किसी को प्रधानमंत्री के घर में जन्म लेने का सौभाग्य नहीं प्राप्त है ।

Global interdependence today means that economic disasters in
developing countries could create a backlash on developed countries.

In the euphoria after the Cold War, there was a misplaced notion that the UN could solve every problem anywhere. संयुक्त राष्ट्र की अद्वितीय वैधता इस सार्वभौमिक धारणा में निहित है कि
वह किसी विशेष देश या देशों के समूह के हितों की तुलना में एक बड़े उद्देश्य के लिए काम करता है ।

वास्तविकता ये है कि यू एन जैसे अंतर्राष्ट्रीय संगठन उतने ही कारगर हो सकते हैं
जितना की उनके सदस्य उन्हें होने की अनुमति दें ।

भारत में भारी जन भावना थी कि पाकिस्तान के साथ तब तक कोई सार्थक बातचीत नहीं हो सकती
जब तक कि वो आतंकवाद का प्रयोग अपनी विदेशी नीति के एक साधन के रूप में करना नहीं छोड़ देता ।

गरीबी बहुआयामी है । यह हमारी कमाई के अलावा स्वास्थय , राजनीतिक भागीदारी ,
और हमारी संस्कृति और सामाजिक संगठन की उन्नति पर भी असर डालती है ।

जो लोग हमसे पूछते हैं कि हम कब पाकिस्तान से वार्ता करेंगे वो शायद ये नहीं जानते कि
पिछले सालों में पाकिस्तान से बातचीत करने के सभी प्रयत्न भारत की तरफ से ही आये हैं । किसी भी मुल्क को आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक साझदारी का हिस्सा होने का ढोंग नहीं करना चैये ,
जबकि वो आतंकवाद को बढाने ,उकसाने , और प्रायोजित करने में लगा हुआ हो ।

आज वैश्विक निर्भरता का अर्थ यह है कि विकासशील देशों में आई आर्थिक आपदाएं विकसित देशों में संकट ला सकती हैं ।

शीत युद्ध के बाद आये उत्साह में एक गलत धारणा बन गयी की संयुक्त राष्ट्र कहीं भी कोई भी समस्या हल कर सकता है ।

अमावस के अभेद्य अंधकार का अंतःकरण पूर्णिमा की उज्ज्वलता का स्मरण कर थर्रा उठता है ।

इतिहास में हुई भूल के लिए आज किसी से बदला लेने का समय नहीं है, लेकिन उस भूल को ठीक करने का सवाल है ।

निराशा की अमावस की गहन निशा के अंधकार में हम अपना मस्तक आत्म-गौरव के साथ तनिक ऊंचा उठाकर देखें । राज्य को, व्यक्तिगत सम्पत्ति को जब चाहे तब जप्त कर लेने का अधिकार देना एक खतरनाक चीज होगी ।

आदिवासियों की समस्याओं पर हमें सहानुभूति के साथ विचार करना होगा ।

सेवा-कार्यों की उम्मीद सरकार से नहीं की जा सकती । उसके लिए समाज-सेवी संस्थाओं को ही आगे उगना पड़ेगा ।

संयुक्त राष्ट्र की सफलता के लिए यह आवश्यक है कि वह समरत मानवता का सबल स्वर बन सके
और देशों के बीच एक-दूसरे पर अवलम्बित सामूहिक सहयोग का गतिशील माध्यम बन सके ।

भारत के ऋषियों-महर्षियों ने जिस एकात्मक जीवन के ताने-बाने को बुना था,
आज वह उपेक्षा तथा उपहास का विषय बनाया जा रहा है ।

मारुति हनुमानजी की मां का नाम है । पवनसुत के बारे में कहा जाता है कि वे चलते नहीं है,
छलांग लगाते हैं या उड़ते हैं । तो जो गुण पुत्र के बारे में हैं, माता उनसे वंचित नहीं हो सकती ।
मारुति कार भी जिस तेजी से आगे बढ़ी है, उससे लगता है कि हर मामले में छलांग लगाती है ।